
सीधी। भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट के पद पर चयनित होने के बाद सीधी जिले के चुरहट विधानसभा अंतर्गत रामपुर नैकिन जनपद पंचायत के ग्राम सगौनी भरतपुर के युवा लेफ्टिनेंट देवांश पाण्डेय के गृह जिला आगमन पर नागरिकों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। गुरुवार को जब वह अपने गृह क्षेत्र पहुंचे तो जगह-जगह लोगों ने पुष्पवर्षा कर उनका अभिनंदन किया और देश सेवा के लिए शुभकामनाएं दीं।
लेफ्टिनेंट देवांश पाण्डेय जबलपुर से सड़क मार्ग के जरिए अपने गृह जिले पहुंचे। जिले की सीमा में प्रवेश करते ही रीवा-अमरकंटक मार्ग स्थित कैमोर पहाड़ के छुहिया घाट शिखर से लेकर प्राचीन हनुमान मंदिर कपुरी कोठार और उनके पैतृक गांव सगौनी तक स्वागत करने वालों की कतार लगी रही। लोगों में अपने जिले के युवा अधिकारी को देखने और बधाई देने का खास उत्साह देखने को मिला।
देवांश पाण्डेय मध्यमवर्गीय परिवार से आते हैं। उनके पिता राकेश पाण्डेय जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष रह चुके हैं, जबकि माता श्रीमती रमा पाण्डेय जनपद सदस्य रहने के बाद वर्तमान में शिक्षक के रूप में सेवाएं दे रही हैं। परिवार में शिक्षा और समाज सेवा की परंपरा रही है। उनके चाचा प्रकाश पाण्डेय शिक्षक हैं और बड़े भाई जबलपुर हाईकोर्ट में अधिवक्ता के रूप में कार्यरत हैं।
देवांश पाण्डेय ने अपनी पढ़ाई के साथ-साथ सेना के अधिकारी पद की तैयारी की और गत वर्ष आयोजित परीक्षा में उत्कृष्ट रैंक प्राप्त कर चयनित हुए। चयन के बाद उन्हें चेन्नई में प्रशिक्षण के लिए भेजा गया, जहां प्रशिक्षण पूरा करने के बाद उन्हें कुछ दिनों के अवकाश पर घर भेजा गया। 11 मार्च को चेन्नई से रवाना होकर वे जबलपुर पहुंचे और 12 मार्च को सड़क मार्ग से अपने गृह जिले में प्रवेश किया।
छुहिया घाट शिखर पर हुआ स्वागत,
जैसे ही लेफ्टिनेंट देवांश पाण्डेय का काफिला छुहिया घाट के शिखर पर पहुंचा, वहां पहले से मौजूद देशप्रेमियों ने उनका भव्य स्वागत किया। इस दौरान उन्होंने अपने माता-पिता के साथ वहां स्थापित हनुमान जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर पूजा-अर्चना की और जिले में प्रवेश किया।
पुराने टोल बैरियर के पास अभिनंदन,
रीवा-अमरकंटक मार्ग के पुराने टोल बैरियर के पास भूतपूर्व सैनिकों के समूह ने भी लेफ्टिनेंट देवांश पाण्डेय का अभिनंदन किया। यहां लगभग दो सौ से अधिक वाहनों के काफिले के साथ जनमानस ने उनका स्वागत किया और देश सेवा के लिए शुभकामनाएं दीं।
कपुरी कोठार में वैदिक मंत्रों के बीच पूजा,
बघवार पहुंचने पर भी जनमानस ने गर्मजोशी से स्वागत किया। इसके बाद काफिले के साथ वे अपने गृह ग्राम के लिए रवाना हुए। रास्ते में कपुरी कोठार स्थित वीर बजरंगवली स्वामी मंदिर में पुजारियों के वेदोच्चारण के बीच पूजा-अर्चना की गई। इस अवसर पर उनके माता-पिता राकेश पाण्डेय एवं श्रीमती रमा पाण्डेय सहित पुजारी हनुमान प्रसाद मिश्र, आगमानंद शुक्ला, सीताराम दास महाराज, देवदास महाराज मौजूद रहे।
मंदिर परिसर में भूतपूर्व सैनिक जय राम शुक्ला, ददन पाण्डेय सहित कई गणमान्य नागरिक, पत्रकार और क्षेत्रवासी मौजूद रहे, जिन्होंने लेफ्टिनेंट देवांश पाण्डेय का पुष्पमालाओं से स्वागत किया।
देर रात तक चलता रहा स्वागत,
गृह क्षेत्र में देवांश पाण्डेय के आगमन की जानकारी मिलते ही लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। स्थिति यह रही कि उनके घर के सामने का मैदान भी छोटा पड़ गया। लोगों का तांता देर रात तक लगा रहा और सभी ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए देश सेवा में सफलता की कामना की। दूसरे दिन शुक्रवार को भी उनके निवास पर लोगों की आवाजाही जारी रही।
अपने जिले के युवा अधिकारी के सम्मान में उमड़ा जनसैलाब यह साबित करता है कि सीधी की धरती पर देश सेवा के प्रति युवाओं में गहरा उत्साह और गर्व की भावना है।
