
मध्यप्रदेश में लगभग आठ वर्ष बाद छात्रसंघ चुनाव होने जा रहे हैं, जिससे विद्यार्थियों में उत्साह का माहौल है। छात्रसंघ चुनाव केवल प्रतिनिधियों के चयन की प्रक्रिया नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को नेतृत्व, लोकतांत्रिक मूल्यों और जिम्मेदारी का अनुभव कराने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।
इन चुनावों के माध्यम से छात्र अपनी समस्याओं और सुझावों को प्रभावी ढंग से महाविद्यालय प्रशासन एवं शासन तक पहुँचा सकते हैं। लंबे अंतराल के बाद मध्यप्रदेश में होने जा रहे चुनाव होने से विद्यार्थियों को अपने प्रतिनिधि चुनने का अवसर मिलेगा, जिससे शैक्षणिक वातावरण, छात्र हितों और परिसर की विभिन्न समस्याओं के समाधान में सकारात्मक भूमिका निभाने की उम्मीद है।
छात्र हितों को ध्यान में रखते हुए सभी छात्र संगठनों को लोकतांत्रिक परंपराओं का सम्मान करते हुए शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और सकारात्मक वातावरण में मतदान करेंगे तथा योग्य और छात्रहित में कार्य करने वाले प्रतिनिधियों का चयन करेंगे।
छात्र नेताओं का वक्तव्य
(1)छात्र हितों को ध्यान में रखते हैं सरकार को चुनाव कराना चाहिए जिससे कॉलेज में छात्र अपना प्रतिनिधित्व नियुक्त कर सके अपने हितों की बात शासन प्रशासन तक पहुंचा सके और आने वाले समय में छात्रों के बीच नेतृत्व खड़ा हो जिसमे लोकतांत्रिक मूल्यों को बढ़ावा मिल सके समस्याओं का समाधान छात्र हित में उपयोगी होगा
पवन मिश्रा
अध्यक्ष
शासकीय महाविद्यालय मझौली जिला सीधी
(2) हम लोगों ने लगातार छात्र संघ चुनाव कराने की मांग शासन प्रशासन से करते आ रहे हैं कोर्ट के निर्णय के बाद मध्यप्रदेश सरकार से भी उम्मीद है कि जल्द महाविद्यालयो में छात्र संघ चुनाव कराया जाय ता कि युवाओं में राजनीतिक महत्वाकांक्षा पैदा की जा सके और छात्र छात्राओं की समस्याओं का समाधान निकाला जा सके
शिवम् शुक्ला छात्र नेता सीधी
पूर्व नगर मंत्री अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् सीधी
(3) अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् लगातार छात्र छात्राओं के हितों को ध्यान में रखते हुए सरकार से मांग की जा रही थी कि महाविद्यालयो में जल्द से जल्द चुनाव कराया जाए जिसका परिणाम है कि आज छात्र संघ चुनाव का मध्यप्रदेश में विगुल बजने वाला है छात्र संघ चुनाव से युवाओं में काफी उत्साह नजर आता हैं
अभिषेक चौबे
जिला संयोजक
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् सीधी
(4) मध्यप्रदेश सरकार से आग्रह है कि कोर्ट के निर्णय के बाद जल्द छात्र संघ चुनाव का रास्ता साफ करें ताकि छात्र नेताओं में प्रतिभा के साथ नेतृत्व खड़ा हो सके चुनाव न होने से युवाओं में छात्रों में मायूसी हो गई थीं अब उम्मीद जगी है तो चुनाव कराना छात्र हित में होगा
वरुणेंद्र पाण्डेय
युवा समाज सेवी चुरहट
(5) मध्यप्रदेश में छात्र संघ चुनाव का रास्ता साफ हो गया महाविद्यालय में अब छात्रों के बीच उनकी समस्याओं का सुनने वाला नेतृत्व खड़ा होगा जिससे उनकी समस्या को निदान किया जा सके चुनाव होने से युवाओं में राजनीतिक सोच के साथ सेवा का भाव पैदा होता हैं जिससे आगे चलकर समाज का भी प्रतिनिधित्व करने में सरलता होती हैं
अभिषेक तिवारी
युवा नेता रामपुर
