
सीधी। सेमरिया थाना क्षेत्र के करौंदिया गांव में बुधवार रात एक दर्दनाक घटना सामने आई। बिस्तर पर सो रही 5 वर्षीय बच्ची दीपांजलि गुप्ता को कथित तौर पर सांप ने डस लिया। बच्ची की चीख सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे और उसके पैर पर सांप के काटने जैसे निशान देखकर तत्काल घरेलू उपचार के तौर पर काटे गए स्थान पर चीरा लगा दिया। इसके बाद बच्ची को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सेमरिया ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान गुरुवार सुबह करीब 10 बजे उसकी मौत हो गई।
सोते समय अचानक चीखने लगी बच्ची
जानकारी के अनुसार करौंदिया गांव निवासी जयप्रकाश गुप्ता की 5 वर्षीय बेटी दीपांजलि गुप्ता बुधवार रात करीब 9 बजे अपने बिस्तर पर सो रही थी। इसी दौरान अचानक बच्ची के चीखने की आवाज सुनकर परिजन उसके पास पहुंचे। पैर पर सांप के काटने जैसे निशान दिखाई देने के बाद परिजन घबरा गए।
बताया गया कि परिजनों ने काटे गए स्थान पर चीरा लगाया और इसके बाद बच्ची को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सेमरिया लेकर पहुंचे।
अस्पताल पहुंचते ही शुरू हुआ उपचार
अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने बच्ची का उपचार शुरू किया। डॉक्टरों के मुताबिक, बच्ची के काटे गए स्थान पर पहले से चीरा लगा हुआ था। उपचार के दौरान उसकी हालत लगातार गंभीर होती गई। चिकित्सकों के प्रयास के बावजूद गुरुवार सुबह करीब 10 बजे बच्ची ने दम तोड़ दिया।
डॉक्टर संजय पटेल ने बताया कि बच्ची को अस्पताल लाया गया था और तत्काल उपचार शुरू किया गया। काटे गए स्थान पर पहले से चीरा लगा हुआ था। डॉक्टरों की टीम ने उपचार का प्रयास किया, लेकिन बच्ची की जान नहीं बचाई जा सकी। शव के पोस्टमार्टम की प्रक्रिया कराए जाने की बात भी सामने आई है।
सांप काटने पर चीरा लगाने से बचें
चिकित्सकीय सलाह के अनुसार सांप के काटने की स्थिति में घबराने के बजाय पीड़ित को जितनी जल्दी संभव हो, नजदीकी अस्पताल पहुंचाना चाहिए। काटे गए स्थान पर खुद से चीरा लगाना, खून निकालना या अन्य घरेलू उपचार करना नुकसानदायक हो सकता है।
घटना ने एक परिवार की मासूम बेटी को छीन लिया। वहीं, यह मामला ग्रामीण क्षेत्रों में सर्पदंश की स्थिति में तत्काल और सही चिकित्सा सहायता की जरूरत को भी रेखांकित करता है।
